दशमेश और रोजगार (Occupation and Lord of the tenth house)



दशमेश प्रथम भाव में (Dushmesh in Lagana)
आपकी कुण्डली में लग्न स्थान में दशमेश है तो आप उच्चपद प्राप्त करेंगे.आप जहां भी होंगे सम्मानित पद पर होंगे.आप व्यापार करना चाहेंगे तो किसी की साझेदारी पसंद नहीं करेंगे.अगर लग्नेश दशमेश के साथ युति सम्बन्ध बनाता है तो आपके लिए अति उत्तम स्थिति है.अगर दशमेश लग्न में नीच राशि में है तो रोजी रोजगार में परेशानी आ सकती है.

दशमेश द्वितीय भाव में (Dushmesh in Second House)
दशम भाव का स्वामी अगर द्वितीय भाव में है तो उच्च स्थिति में आप घर से दूर जाकर सफलता प्राप्त करते हैं.आप होटल के काम में कामयाब रहेंगे.अपने दम पर आप कारोबार में सफलता अर्जित करेंगे.दशमेश अगर शत्रु राशि में है तो कारोबार में परेशानी आ सकती है जिससे आर्थिक स्थिति मंद हो सकती हैं.

दशमेश तृतीय भाव में (Dushmesh in Third House)
अपकी कुण्डली के तृतीय भाव में दशम भाव का स्वामी स्थित है.इस स्थिति में आप कुशल प्रबंधक हो सकते हैं.व्यापार में भी आप कामयाब हो सकते हैं.लेखन के क्षेत्र में आप कामयाब हो सकते है.आजीविका एवं कारोबार के क्षेत्र में आपको भाईयों एवं मित्रों से सहयोग प्राप्त होगा.ध्यान देने वाली बात यह भी है कि अगर दशमेश नवमांश कुण्डली में षष्टम, अष्टम अथवा द्वादश भाव में है तो भाईयों एवं मित्रों से सहयोग की आशा कम होती है.

दशमेश चतुर्थ भाव में (Dushmesh in fourth House)
दशमेश के दशम स्थान में होने पर आपको प्रशासनिक सेवा अथवा शासन तंत्र का हिस्सा बनने का अवसर प्राप्त होता है.आपका भाग्य प्रबल होता है.आप कृषि से सम्बन्धित क्षेत्र में भी सफल होते हैं.नवमांश कुण्डली में दशमेश षष्टम, अष्टम अथवा द्वादश स्थान में हो तो यह भाग्य फल में कमी लाता है.

दशमेश पंचम भाव में (Dushmesh in Fifth House)
दशमेश का पंचम भाव में होना राजयोग के समान फलदायी होता है.इस स्थिति में राजकीय सेवा में हो सकते हैं.ज्योतिष विद्या के ज्ञाता एवं धर्म प्रचारक हो सकते हैं.आप प्रबंधन के क्षेत्र में भी कामयाब हो सकते है.दशमेश का पंचम भाव मे होने पर नवमांश कुण्डली से भी विचार करना चाहिए.अगर नवमांश में दशमांश षष्टम, अष्टम अथवा द्वादश में है तो दशमांश के फल में कमी हो जाती है.

दशमेश षष्टम भाव में (Dushmesh In Sixth House) 
रोजगार एवं कारोबार का विचार करते समय अगर दशमेश षष्टम भाव में है तो आप पुलिस विभाग में हो सकते हैं.न्याय विभाग में भी आपको कामयाबी मिलने की पूरी संभावना रहेगी.चिकित्सक के पेशे में भी आप सफल रहेंगे.अगर दशमेश के साथ छठे भाव में राहु भी है तो इसे परेशानी कारक माना जाता है.यह कारोबार एवं व्यवसाय में सफलता को बाधित करता है.ज्योतिषीय विधा में कहा गया है कि इस भाव में शनि दशमेश हो कर बैठा हो तो शनि से सम्बन्धित वस्तुओं के व्यापार के प्रति व्यक्ति में रूझान रहता है.

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  1. 28 September, 2010 01:04:57 PM anil kumar

    Dear Sir, My date of brith 26-09-2010 tell me my future ? i want go to abroad is't posible.

  2. 13 May, 2010 06:01:08 AM ganesh ghule

    I have to know about my future. my birth date is 14/05/1988 which carreer is best for me? and as well as you tell me married? government service is available for me or not?

  3. 13 May, 2010 01:36:25 AM RAHUL SIRCAR

    Panditji, mera D.O.B 23-07-1993, hai.Samay 15:42 PM, Lucknow mein.Mera education aur Career kaisa rahega ?