Home | वैवाहिक

वैवाहिक

back 1 2 3 next कुल रेसिपीज: 21 | इस पेज पर: 11 - 20
image

आय वर्ग विचार (Aye Wargh)

भारत सांस्कृतिक रूप से विश्व में श्रेष्ठ माना जाता है। भारतीय अध्यात्म और दर्शन विश्व को अपनी ओर आकर्षित करता है। भारतीय अध्यात्म और दर्शन का ही एक अंग है ज्योतिष। ज्योतिष यानी रोशनी दिखने वाला अर्थात भूत, भविष्य और वर्तमान तीनों पर प्रकाश डालने वाला ज्ञान है ज्योतिष। ज्योतिष के वैदिक शाखा(Banch of Vedic) में कुण्डली से जीवन के विषय में सभी प्रकार के प्रश्नों का हल ढूंढा जाता है। भारतीय परम्परा में विवाह पूर्व वर वधू के आने वाले जीवन के विषय में आंकलन(Assessment) करने के लिए कुण्डली मिलाने(Kundli matching) की परम्परा रही है।
Muhurtha Explorer
image

महेन्द्र कूट (Mahendra Koot)

भारतवर्ष भारतीय महाद्वीप का सबसे बड़ा देश है। इस देश की विशालता और अनेकता में एकता विश्व के लिए आदर्श स्वरूप है क्योंकि भारत जितना विशाल है उतनी ही विस्तृत इसकी सभ्यता, संस्कृति, भाषा, ज्ञान और चिंतन है। ज्ञान, चिंतन एवं संस्कृति के विस्तृत और विविध होने के बावजूद इसका मूल स्वरूप एक ही है। चिंतन की बात करें तो उत्तर भारत में भगवान शिव के बड़े पुत्र को कार्तिकेय के नाम से पूजा जाता है तो दक्षिण(South) में कर्तिकेय मुरूगन स्वामी(Murugan Swami) के नाम से पूजित होते हैं। भगवान कृष्ण की बात करें तो उत्तर में माधव, गोपाल, कृष्ण के नाम से जाने जाते हैं तो दक्षिण में वेणु गोपाल के नाम से विख्यात हैं यानी नाम चाहे कुछ हो परिणाम और विषय वस्तु समान है, यही बात ज्योतिष में भी लागू है। ...
image

राशीश मैत्रीकूट(Rashish Maitrikoot)

विवाह के उद्देश्य से जन्मपत्री से जब कुण्डली में अष्टकूट मिलान(Ashtkoot in kundli) किया जाता है तब भिन्न भिन्न कूटों से गुणों का आंकलन किया जाता है। विवाह से पहले गुणों का आंकलन कुण्डली में इसलिए किया जाता है ताकि पति पत्नी के तौर पर जब हम आप पारिवारिक जीवन में प्रवेश करें तब हमारे दाम्पत्य जीवन में प्रेम और सामंजस्य का भाव बना रहे, कुल मिलाकर एक शब्द में कहें तो कुण्डली में गुणों का मिलान इसलिए किया जाता है ताकि पारिवारिक जीवन में सुख शांति बनी रहे। जब गुणों का आंकलन किया जाता है उस समय अष्टकूट के अन्तर्गत राशीश मैत्रीकूट से भी विचार किया जाता है। ...
image

स्त्री दीर्घ से वैवाहिक जीवन का आंकलन (Assessment of Married Life from Stri Dirgh)

सभी माता पिता चाहते हैं कि उनके बच्चों का जीवन सुखमय और आनन्दमय गुजरे, इसके लिए माता पिता अपनी ओर से हर संभव प्रयास करते हैं। जब बात हो शादी की तब विषय और भी गंभीर हो जाता है क्योंकि यह जीवन भर का मामला होता है। शादी के मामले में जरा सी चूक से बच्चों की ज़िन्दग़ी प्रभावित हो सकती है, यही कारण है कि माता पिता विवाह के विषय को गंभीरता से लेते हुए कुण्डली मिलान करवाते हैं। कुण्डली मिलान के क्रम में दक्षिण भारतीय पद्धति (South Indian Kundli Matching System) में बीस कूटों (Bees Koota) के अन्तर्गत स्त्री दीर्घ (Stri Dirgha) से भी विचार किया जाता है। ...
image

योनिकूट से कुण्डली में गुण मिलान (yoni Koot)

इस धरती पर जितने भी जीव हैं वे किसी न किसी योनि से सम्बन्धित हैं अर्थात बकरी, बैल, हाथी, सिंह, चूहा या फिर मनुष्य सभी ईश्वर द्वारा बनायी गयी योनियां हैं। हर योनि की अपनी विशेषता और अपना गुण (Characteristic) है, परंतु यहां हम जीवों की योनियों की बात नहीं कर रहे हैं, बात कर रहे हैं नक्षत्रों की योनियों(Yoniya of Nakshatras) की। ज्योतिष के अनुसार योनि का सम्बन्ध नक्षत्रों से मानी गयी हैं (According to the Astrologer relationship of Yoni from Nakshatras) । ...
image

नाड़ीकूट विचार (Narikoot)

बड़े बूढे कहते हैं कि विवाह के पश्चात व्यक्ति नये जीवन में प्रवेश करता है, बुजुर्गों का यह कहना काफी हद तक सही भी है क्योंकि जैसे जन्म के पश्चात नया माहौल नया परिवेश और कुछ रिश्ते हमसे जुड़ जाते हैं ठीक उसी प्रकार विवाह के पश्चात व्यक्ति एक नये परिवेश और माहौल से रूबरू होता है जहां कई नये रिश्ते और नई बातें सामने आती हैं। विवाह के पश्चात शुरू होने वाले नये जीवन में खुशहाली के लिए कुण्डली मिलान किया जाता है। कुण्डली मिलान के क्रम में अष्टकूट से विचार किया जाता है, इन अष्टकूटों(Ashtkoot) में आठवां और अंतिम कूट है नाड़ी कूट। ...
image

दिनकूट विचार (Din koot)

कहावत है कि शादी व्याह गुड्डे गुड़ियों का खेल नहीं है, यानी यह रंचमंच का नाटक या 3 घंटे का फिल्मी ड्रामा नहीं है। शादी व्याह जीवन भर का नाता होता है, जिसके साथ दो आत्माओं का मिलन होता है और 2 परिवारों के मध्य सम्बन्ध स्थापित होता है। विवाह के संदर्भ में यह कहा गया है कि कन्या जब युवावस्था में प्रवेश कर जाए तब उसे किसी योग्य हाथों में सौंप देना चाहिए यानी कन्या के योग्य वर की तलाश करके कन्या की शादी कर देनी चाहिए, जो माता पिता इस कर्तव्य का पालन करते हैं और कन्या दान करते हैं उन्हें बहुत ही पुण्य मिलता है। ...

भकूट से करें जीवन साथी की तलाश ( Choose Prefect Lifepartner to Bhakoot)

यूं तो कहा जाता है कि जोड़ियां ऊपर से बनकर आती है, हम केवल एक रस्म अदा करते हैं। रस्मों की बात चली है तो हमारे यहां यह भी रस्म है कि विवाह के विषय में जब भी बात चलती है तब वर और कन्या की कुण्डली मिलायी जाती है। कुण्डली मिलान से पता चलता है कि वर कन्या की कुण्डली मे कितने गुण मिलते हैं, कुल 36 गुणों में से 18 से अधिक गुण मिलने पर यह आशा की जाती है कि वर वधू का जीवन खुशहाल और प्रेमपूर्ण रहेगा। कुण्डली में गुण मिलान के लिए अष्टकूट(Ashtkoot) से विचार किया जाता है इन अष्टकूटों में एक है भकूट (Bhakoot)। भकूट अष्टकूटो में 7 वां है, आइये यहां सप्तमकूट भकूट पर चर्चा को आगे ले चलें। ...
image

बीसकूटों से कुण्डली मिलान (Kundli Matching from 20 Koot)

उत्तर भारतीय संगीत और दक्षिण भारतीय संगीत की अपनी कुछ विशेषता है उसी प्रकार उत्तर भारतीय ज्योतिष और दक्षिण भारतीय ज्योतिष की भी अपनी विशेषता है। हम यहां विवाह के सम्बन्ध में कुण्डली मिलान की बात करते हैं और इस विषय में दोनों जगह की ज्योतिष विधि (Astrology)का विचार करें तो पाते हैं कि उत्तर भारत में जहां अष्टकूट से कुण्डली मिलान की जाती है वहीं दक्षिण भारत में और 12 कूटों(12 Koota) को जोड़ कर 20 कूटों(20 koota) से दुल्हा दुल्हन की कुण्डली मिलायी जाती है। ...
image

Ashtkut Milan for Happy Married Life सुखी वैवाहिक जीवन के लिए अष्टकूट मिलान

हम सभी चाहते हैं कि वैवाहिक जीवन में सौहार्द एवं परस्पर सामंजस्य बना (Astrology for marriage compatibility) रहे। परंतु कई बार वैवाहिक जीवन में इस तरह गतिरोध उत्पन्न होने लगता है कि पति पत्नी के बीच दूरियां बढ़ती चली जाती हैं और सम्बन्ध विच्छेद तक हो जाता है। ...
back 1 2 3 next कुल रेसिपीज: 21 | इस पेज पर: 11 - 20
अन्य पोस्टें
1 2 3 4 5 6 7 8 > कुल 274 : 1 - 15
चिप्पियां
taurus+rashiphal+2009 2009+rashiphal+taurus+rashi 2009+rashiphal+gemini+rashi gemini+rashiphal+2009 cancer+rashiphal+2009 2009+varshphal+cancer+rashi leo+rashiphal+2009 2009+rashiphal+leo+rashi muhurta muhurtha annual+astrology varshphal+leo 2009+varshphal taurus mesh aries varshphal navamsha+kundali shodash+varga navamsha brahaspati guru jupiter muhurat muhurta+for+oath jyotish+remedies kalsharpa+yoga ketu rahu pond+digging+muhurat muhurat+opening+shop astrological+remedies ascendant+lord lagnesh phalit+jyotish kundali+milan budh+in+married+life remedies+for+planets remedies kalsarp kalsarp+yoga malmass+ekadashi padmini+ekadashi sani+pooja sani+vrat pradosha+vrat skand+purana satya+narayan+katha satyanarayan+vrat rangotsav+madnotsav radha+krishna+holi holi+festival colour+festival maha+shiv+ratri shivratri+vrat+pooja vishnu+fourth+incarnation bhakt+prahlad prahlad+narasimha+avtar holika+dahan sacred+bath magha+poornima+ganga magha+shukla+purnima third+incarnation+vishnu varah+vishnu+incarnation varah+dwadashi+vrat amla+ekadashi+vrat+story parshuram+pooja falgun+shukla+ekadashi amalaki+ekadashi+vrat guru+ravidas+jayanti kabir+ravidas 14th+century+great+saint sant+ravidas guru+ravidas vijya+ekadashi+vrat+story vijya+ekadashi+vrat khattila+ekadashi prayag+mahakumbh+snan amavasya+ganga+snan magha+masa+amavasya mauni+amavasya paush+sukla+ekadashi putrada+ekadashi+vrat surya+katha surya+pooja+vrat surya+saptmi paush+sukla+saptmi martand+saptmi love+line+palm palmistry+love saubhagya+vrat gauri+tap+vrat gauri+tapovrat mokshada+ekadashi moksha+dayni+ekadashi yamraj+yamuna+story brother+sister+parv+tyohar kartik+shukla+dwitya bhai+duj utpanna+ekadshi+katha