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स्थान बल के प्रकार, 'भाग दो' (Sthana Bala Part-2)
स्थान बल के पांच उपभागों में से प्रथम दो यानी उच्च बल (uchha bal)और सप्तवर्ग बल(Saptvarg bal) के विषय में आप स्थान बल भाग प्रथम में पढ़ चुके होंगे।स्थान बल के दूसरे भाग में हम स्थान बल के शेष तीन भागों पर चर्चा करेंगे। स्थान बल के शेष तीन भाग हैं दिवा-रात्रि बल, केन्द्रादि बल और द्रेष्कोण बल। ...षड्बल में स्थान बल भाग एक! (Sthan Bala in Shadbala Part-1)
किसी भी व्यक्ति के जीवन के विषय में सही सही फलादेश ज्ञात करने के लिए ग्रहों के बल को जानना आवश्यक है यह हम सभी जानते हैं। ग्रहों का बल ज्ञात करने के लिए ज्योतिषशास्त्र में षड्बल का प्रयोग किया जाता है। ...
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